कड़कनाथ मुर्गा अब ऑनलाइन उपलब्ध

राज्य मंत्री सारंग ने "कड़कनाथ एप'' का लोकार्पण किया

भोपाल। सहकारिता राज्य मंत्री विश्वास सारंग ने आज निवास कार्यालय पर 'मध्यप्रदेश कड़कनाथ एप'' का लोकार्पण किया। इस अवसर पर प्रमुख सचिव सहकारिता के.सी. गुप्ता, आयुक्त सहकारिता रेणु पंत, अधिकारी और नागरिक मौजूद थे।

राज्य मंत्री सारंग ने कहा कि सहकारिता विभाग द्वारा नये कार्यक्रम शुरू किये गये हैं। सहकारिता से अंत्योदय योजना में सहकारी समितियों का गठन कर रोजगार के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किये गये हैं। इसी कड़ी में कड़कनाथ मुर्गा-पालन और विक्रय से जुड़ी सहकारी समितियों के लिये 'मध्यप्रदेश कड़कनाथ मोबाइल एप'' तैयार कर आज से शुरू किया जा रहा हैं। सहकारी समितियों के माध्यम से व्यक्तियों को स्थानीय परिवेश और उपलब्धताओं को ध्यान में रख उत्पादन से जोड़ा जा रहा हैं। व्यक्तियों को सहकारी समितियों से जोड़कर उन्हें रोजगार के लिये जरूरी तकनीकी मार्गदर्शन और पूँजी की व्यवस्था भी करवाई जा रही हैं।

राज्य मंत्री सारंग ने कहा कि उपभोक्ता और व्यापारी एप के माध्यम से समितियों तक पहुँच सकते हैं। एप द्वारा समितियों को एक ऐसा प्लेटफार्म उपलब्ध करवाया जा रहा हैं, जो उन्हें आधुनिक बाजार की सुविधा देगा। एप में उपलब्ध मेन्यु में सीधे क्लिक करने पर समिति का ई-मेल, फोन और उत्पादन की जानकारी प्राप्त की जा सकती हैं। माँग और पूछताछ का ऑप्शन भी दिया गया हैं। सबमिट बटन पर क्लिक करने से सीधे संस्था को ई-मेल करने की सुविधा हैं। एप को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता हैं।

राज्य मंत्री सारंग ने कहा कि कड़कनाथ प्रजाति का मुर्गा अन्य प्रजातियों के मुर्गों से बेहतर होता हैं। इसमें प्रोटीन की मात्रा अधिक और फेट की मात्रा न के बराबर पायी जाती हैं। उन्होंने बताया कि विटामिन-बी-1, बी-2, बी-6, बी-12, सी, ई, नियासिन, केल्शियम, फास्फोरस और हीमोग्लोबिन से भरपूर होता हैं। यह अन्य मुर्गों की तुलना में लाभकारी हैं। इसका रक्त, हड्डियाँ और सम्पूर्ण शरीर काला होता हैं। यह दुनिया में केवल मध्यप्रदेश के झाबुआ और अलीराजपुर में पाया जाता हैं।

राज्य मंत्री सारंग ने बताया कि झाबुआ, अलीराजपुर और देवास जिले में कड़कनाथ मुर्गा-पालन की 21 सहकारी समितियों का पंजीयन हुआ हैं। इनमें 430 सदस्य हैं। एप में इनकी पूरी जानकारी हैं। चार समितियों द्वारा व्यवसाय शुरू कर दिया गया हैं। शेष समितियाँ व्यवसाय शुरू करने की प्रक्रिया में हैं। कड़कनाथ एप के माध्यम से कोई भी व्यक्ति इन समितियों के पास उपलब्ध कड़कनाथ मुर्गा खरीदने के लिये ऑनलाइन डिमाण्ड कर सकता हैं। भविष्य में ऑनलाइन आर्डर के साथ होम डिलीवरी की भी सुविधा उपलब्ध करवाई जायेगी। (खबरनेशन / Khabarnation)

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