निष्ठा विद्युत मित्र योजना में आत्मनिर्भर भी बन रही स्व सहायता समूह की महिलाएं
देवेन्द्र वैश होशंगाबाद
महिलाओं का डर, गांवों में बिजली चोरी हुई कम
होशंगाबाद। जिले के कुछ गांवों में ग्रामीण बिजली चोरी करने से डरने लगे। बिजली चोरी करने वालों को सहायता समूह की महिलाओं का डर इतना ज्यादा सताने लगा है कि वह बिजली तार से डायरेक्ट बिजली जलाने की जगह नए कनेक्शन लेने लगे हैं। यही कारण है कि पिछले दो माह से ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत चोरी के मामलों में कमी आई है। खासतौर से कुछ ऐसे गांवों में विद्युत चोरी कम हुई हैं जहां स्व सहायता समूह की महिलाएं निष्ठा विद्युत मित्र बन गई हैं। इन गांवों में 7 हजार नए कनेक्शन और 3:30 लाख से ज्यादा का पुराना बकाया बिजली विभाग को भुगतान हो चुका है। इस योजना के माध्यम से सात विकास खंडों की 75 से ज्यादा महिलाएं ग्रामीणों के बिजली संबंधी काम करके आत्मनिर्भर भी बन रही हैं। विद्युत विभाग को बकाया बिजली बिल की वसूली, नए कनेक्शन, चोरी के मामले पकड़वा कर पैसे कमा रही है। ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सबल बनाने राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन और ऊर्जा विभाग के सहयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में निष्ठा विद्युत मित्र स्व सहायता समूह की महिला सदस्यों को बनाया गया है।
हर काम के लिए मिल रहा कमीशन
निष्ठा विद्युत मित्र से महिलाओं को 5000 रुपए बकाया वसूली और 5 और इससे ज्यादा पर 10 रुपये मिल रहे हैं वही नए कनेक्शन सिंगल फेस पर 50 और 3 फेस पर 200 रुपए तक महिलाओं को दिया जा रहा है। इसके अलावा बिजली चोरी पकड़वाने पर बिल भुगतान के हिसाब से अच्छा खासा कमीशन भी उन्हें मिल रहा है। इस योजना में लगी महिलाओं के अनुसार उन्हें हर महीने 5 से 6 हजार की आय प्राप्त हो रही है। स्व सहायता समूह की महिलाएं यह सभी काम आजीविका मिशन के मोबाइल ऐप के माध्यम से कर रही हैं।
ग्रामीणों को बिल भुगतान के लिए करते हैं तैयार
होशंगाबाद से 15 किलोमीटर दूर ग्राम पलाशी की मालती प्रधान कहती हैं कि निष्ठा विद्युत मित्र से जुड़कर हमें आप निर्भर बनने के साथ नई पहचान भी मिली है। मालती कहती है कि जिन ग्रामीणों पर बकाया है उन्हें हम बिल भुगतान के लिए तैयार करते हैं। बिजली चोरी सहित गलत काम करने वालों को भी समझाइश देते हैं, नहीं मानने पर बिजली कंपनी को सूचना देकर चोरी पकड़वाते हैं।
महिलाओं को मिल रहा है रोजगार
- निष्ठा विद्युत मित्र योजना से स्व सहायता समूह की महिला सदस्यों को सीधे रोजगार मिल रहा है। वे नए कनेक्शन, बकाया बिल, शिकायत का निपटारा आदि काम करके कमीशन प्राप्त कर रही है। हम अधिक से अधिक स्व सहायता समूह को इस योजना से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने के लिए काम कर रहे हैं।
- मनोज सरियाम, सीईओ जिला पंचायत
बिजली चोरी में आई कमी
- पिछले 2 माह में निष्ठा विद्युत मित्र की महिला सदस्यों के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली चोरी पर अंकुश लगा है। 75 से ज्यादा सक्रिय रूप से काम कर रही महिलाओं ने करीब 7 हजार नए कनेक्शन और 3:30 लाख का बकाया भी दिलवाया हैं। ग्रामीण क्षेत्र में कर्मचारियों की कमी को स्व सहायता समूह की महिलाएं खत्म करके आत्मनिर्भर बन रही है।
- बीबीएस परिहार, महाप्रबंधक विद्युत वितरण कंपनी होशंगाबाद