ग्वालियर: अचलेश्वर महादेव मंदिर के पास कथित अवैध निर्माण हटाया गया, प्रशासन के आश्वासन के बाद 4 दिन का धरना समाप्त
ग्वालियर। ग्वालियर के प्राचीन एवं ऐतिहासिक अचलेश्वर महादेव मंदिर के समीप कथित अवैध निर्माण को लेकर राष्ट्रीय सनातन सेना भारत द्वारा पिछले चार दिनों से चलाया जा रहा अनिश्चितकालीन धरना प्रशासन के आश्वासन के बाद समाप्त हो गया। आंदोलन के दौरान संत समाज के समर्थन और प्रशासन की कार्रवाई के बाद विवादित निर्माण हटाया गया, जिसके बाद संगठन ने धरना खत्म करने की घोषणा की।
धरने को संत समाज का मिला समर्थन
धरने के दौरान पूज्य स्वामी निश्चलानंद महाराज अचलेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने मंदिर परिसर की धार्मिक गरिमा और पवित्रता बनाए रखने की मांग करते हुए प्रशासन से तत्काल कार्रवाई करने की अपील की। उनके समर्थन के बाद आंदोलन को और गति मिली।
कथित अवैध निर्माण को लेकर जताई थी आपत्ति
राष्ट्रीय सनातन सेना भारत का आरोप था कि मंदिर की दीवार से सटे कथित अवैध निर्माण में नॉनवेज भोजन पकाया जाता था, जिससे मंदिर की पवित्रता और श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं प्रभावित हो रही थीं। संगठन का कहना था कि पहले ज्ञापन और हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से प्रशासन को अवगत कराया गया था, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर धरना शुरू किया गया।
प्रशासन ने हटवाया विवादित निर्माण
आंदोलन के दौरान जिला प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने विवादित निर्माण को हटाने की कार्रवाई की और आंदोलनकारियों के साथ बैठक कर उनकी मांगों पर चर्चा की। प्रशासन ने शेष मांगों पर भी नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिया।
आश्वासन के बाद धरना समाप्त
राष्ट्रीय सनातन सेना भारत के राष्ट्रीय अध्यक्ष भगवती प्रसाद शुक्ला और प्रदेश अध्यक्ष पंकज ठाकुर ने बताया कि प्रशासन द्वारा तत्काल कार्रवाई और बाकी मांगों के शीघ्र निराकरण के आश्वासन के बाद चार दिनों से जारी अनिश्चितकालीन धरना समाप्त कर दिया गया।
कानून व्यवस्था बनाए रखने की बात
सीएसपी रोबिन जैन ने बताया कि प्रशासन और पुलिस ने आंदोलनकारियों से चर्चा कर उनकी मांगों को सुना। समझाइश के बाद प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त कराया गया। उन्होंने कहा कि मंदिर परिसर की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और धार्मिक मर्यादा बनाए रखने के लिए आगे भी आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
ग्वालियर: अचलेश्वर महादेव मंदिर के पास कथित अवैध निर्माण हटाया गया, प्रशासन के आश्वासन के बाद 4 दिन का धरना समाप्त