इंदौर में नाबालिग को अश्लील मैसेज भेजने के आरोप पर बवाल, दो पड़ोसी परिवारों में मारपीट का CCTV वायरल
इंदौर में पड़ोसियों के बीच हुआ एक विवाद अब पुलिस जांच का विषय बन गया है। मामला एरोड्रम थाना क्षेत्र के अंबिकापुरी इलाके का है, जहां एक परिवार ने पड़ोस में रहने वाले युवक पर उनकी नाबालिग बेटी को अश्लील मैसेज भेजने का आरोप लगाया है। इसी शिकायत को लेकर दोनों परिवारों के बीच बातचीत हुई, लेकिन मामला शांत होने के बजाय और ज्यादा बिगड़ गया।
जानकारी के मुताबिक, लड़की की मां अपने पति और बेटे के साथ आरोपी युवक के घर शिकायत करने पहुंची थी। शुरुआत में दोनों पक्षों के बीच बातचीत हुई, लेकिन कुछ ही देर में माहौल तनावपूर्ण हो गया। देखते ही देखते बहस बढ़ गई और दोनों परिवारों के लोग एक-दूसरे से भिड़ गए। घटना के दौरान इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और स्थानीय लोग भी मौके पर जमा हो गए।
CCTV वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ी चर्चा
घटना के बाद एक CCTV फुटेज सामने आया है, जिसे लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। वीडियो में दो पक्षों के बीच तीखी बहस और मारपीट जैसी स्थिति दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। हालांकि वीडियो की जांच पुलिस द्वारा की जा रही है और अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जाएगी।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि शिकायत करने पहुंचने पर आरोपी पक्ष के लोगों ने गाली-गलौज की और बाद में लकड़ी तथा क्रिकेट स्टंप जैसे सामान से हमला कर दिया। परिवार का कहना है कि इस हमले में कई सदस्य घायल हुए हैं। घटना के बाद घायलों का इलाज कराया गया और पुलिस को लिखित शिकायत दी गई।
स्थानीय लोगों के अनुसार, दोनों परिवार लंबे समय से एक-दूसरे को जानते थे, लेकिन इस घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के कारण मामला और अधिक चर्चा में आ गया है। कई लोग मामले में निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
एरोड्रम थाना पुलिस की जांच जारी, दोनों पक्षों के बयान दर्ज
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, घटना की सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों से जानकारी ली गई। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि विवाद की शुरुआत आपसी कहासुनी से हुई थी, जो बाद में मारपीट में बदल गई। फिलहाल पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
जांच अधिकारी CCTV फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य सबूतों की जांच कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी तथ्यों की पुष्टि की जाएगी। साथ ही नाबालिग को कथित तौर पर भेजे गए मैसेज की भी तकनीकी जांच की जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि सोशल मीडिया और मोबाइल के बढ़ते उपयोग के दौर में ऐसे मामलों की गंभीरता और बढ़ जाती है। इसलिए किसी भी शिकायत की निष्पक्ष जांच और कानूनी प्रक्रिया का पालन बेहद जरूरी है। फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस की नजर बनी हुई है और जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।