मध्यप्रदेश के कृषि उत्पादन के लिए निर्यात के द्वार खुलने से किसानों को आर्थिक लाभ पहुंचेगा
भोपाल। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश महामंत्री बंशीलाल गुर्जर ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों के उत्पाद के ऐवज में समुचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए प्रदेश में निर्यात एजेंसी के गठन और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग लगाने के लिए विशेष सहायता देकर जो प्रोत्साहन दिया हैं उसका दीर्घकालिक लाभ मिलेगा। किसान अपने उत्पाद का समुचित मूल्य हासिल कर सकेगा। किसान हितैषी पहल के लिए गुर्जर ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को बधाई दी हैं।
उन्होंने कहा कि इतिहास में पहली बार किसी राज्य सरकार ने बीते वर्ष में किसानों द्वारा बेचे गये उत्पाद पर भी बोनस देकर किसान की माली खुशहाली का मार्ग प्रशस्त किया हैं। चना, मसूर और सरसों को भावान्तर भुगतान योजना से निकाल कर उनकी समर्थन मूल्य पर खरीदी का रास्ता खोला हैं। प्रदेश में खरीदी का काम 10 अप्रैल में आरंभ किया जा रहा हैं इसके लिए 31 मार्च तक किसान पंजीयन की अवधि बढ़ा दी गई हैं। भावान्तर भुगतान योजना में शामिल होने के लिए पंजीयन का लाभ समर्थन मूल्य पर बिक्री करने वालों को मिलने की व्यवस्था की गई हैं। मसाला फसलें लहसुन एवं प्याज की अन्तर राशी भी तय कर दी गई हैं। इससे किसान फसल के वाजिब दाम के प्रति आश्वस्त होंगे।
गुर्जर ने कहा कि किसान की आय 2022 तक दोगुना करने की दिशा में मध्यप्रदेश सरकार की ठोस पहल का ही परिणाम हैं कि मध्यप्रदेश को पांचवी बार कृषि कर्मण से सम्मानित किया गया हैं। प्रदेश में सिंचाई क्षमता में वृद्धि का कीर्तिमान बना हैं, जो क्षमता साढ़े 7 लाख हेक्टर थी, वह बढ़कर 40 लाख हेक्टर कर दी गई हैं। अगले पांच साल कार्यक्रम में सिंचाई पर सवा लाख करोड़ रू. खर्च होंगे और सिंचाई क्षमता बढ़कर 80 लाख से 1 लाख हेक्टर पहुंचेगी।
(खबरनेशन / Khabarnation)