शिवराज सिंह जैसा झूठ बोलने वाला व्यक्ति पूरे प्रदेश में नहीं: नरेन्द्र सलूजा
पहले कर्ज माफी पर सवाल उठाए,हम घर जाकर 21 लाख किसानों की सूची सौंप आये,
अब कह रहे हैं कांग्रेस ने वचन पत्र के 83 वचन पूरे किए हैं तो बताये मैं राजनीति से संन्यास ले लूंगा
आज हम शिवराज जी के घर जाकर 83 वचन पूरे होने की सूची व प्रमाण सौंप आये
अब शिवराजसिंह अपनी घोषणा के अनुरूप राजनीति से सन्यास लें
खबरनेशन/Khabarnation
भोपाल, मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ के मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा ने कहा कि शिवराजसिंह चैहान जैसा झूठ बोलने वाला व्यक्ति पूरे प्रदेश में नहीं है। शिवराजसिंह चैहान ने कांग्रेस की कर्ज माफी पर सवाल उठाए तो कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल उनके घर जाकर उन्हें कर्ज माफी वाले 21 लाख किसानों की सूची सौंप आया। उसके बाद भी वे नहीं माने तो उनके भाई व परिजनों की कर्ज माफी की सूची हमने सौंप दी। उसके बाद वे कहने लगे कि मेरे भाई ने आवेदन नहीं किया तो हमने उन्हें आवेदन के प्रमाण दिखा दिए। फिर कहने लगे कि मेरा भाई हिंदी में हस्ताक्षर नहीं करता तो हमने हिंदी में हस्ताक्षर के प्रमाण जारी किए। फिर कहने लगे कि कांग्रेस ने एक भी किसान का नो डयूज सर्टिफिकेट जारी नहीं किया, यदि किया हो तो बताएं मैं कर्ज माफी को मान लूंगा। हमने उसी समय उनके घर सेकड़ों किसानो के नो डयूज सर्टिफिकेट भिजवाए और मीडिया को भी जारी किए। अब जब कर्ज माफी पर उनके झूठ की परत दर परत खुलती गई तो वे कर्ज माफी पर तो मौन हो गए लेकिन आज एक नया झूठ ले आये। अब कह रहे हैं कांग्रेस ने अपने वचन पत्र के यदि 83 वचन पूरे किए हैं तो वे बताएं, मैं राजनीति से संन्यास ले लूंगा।
सलूजा ने कहा कि कांग्रेस ने अपने वचन पत्र के 83 वचन मात्र 76 दिन में ही पूरे कर लिये हैं। शिवराज के इस सफेद झूठ के बाद कांग्रेस ने 83 वचन पूरे होने के प्रमाण को लेकर आज शिवराजसिंह चैहान को सौंपने का निर्णय लिया।
सलूजा ने कहा कि कांग्रेस ने घोषणा के अनुरूप सुबह से शिवराजजी से मिलने का समय मांगा। बार-बार समय मांगने के बाद भी समय नहीं दिया गया। हमने दोपहर 1.30 बजे शिवराजसिंह के घर जाकर प्रमाण व सूची सौंपने की घोषणा की।
मध्यप्रदेश कांग्रेस के लोकसभा चुनाव प्रबंधन प्रभारी केंद्रीय पूर्व मंत्री सुरेश पचैरी ने कांग्रेस के वचन पत्र के 83 वचन पूरे होने के प्रमाण आज मीडिया को जारी कर कांग्रेस के एक प्रतिनिधि मंडल को मीडिया समन्वयक नरेन्द्र सलूजा के नेतृत्व में शिवराजसिंह के घर एक लिफाफे में देने के लिए भेजा। जब कांग्रेस का प्रतिनिधि मंडल शिवराजसिंहजी के निवास पर प्रमाण देने पहुँचा तो वहां शिवराजसिंहजी नहीं मिले। निवास का मुख्य द्वार बंद था, उनके निवास पर मौजूद स्टाफ ने मुख्यद्वार को खोलकर कांगे्रस के प्रतिनिधि मंडल को न तो अंदर आने दिया गया और न ही वहां मौजूद कोई भी कर्मचारी 83 वचनों की सूची व प्रमाण पत्र लेने को तैयार हुआ। गेट पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने भी प्रमाण पत्र लेने से मना कर दिया और कहा कि हमें प्रमाण पत्र नहीं लेने के आदेश प्राप्त हैं।
थक-हार कर अंत में कांग्रेस के प्रतिनिधि मंडल ने उनके निवास के गेट पर प्रमाण पत्र चस्पा कर दिया और वापस लौट आये। बाद में डाक व कोरियर से 83 वचन के प्रमाणों और सूची को उनके निवास पर भेज दिया गया।
प्रतिनिधि मंडल में मीडिया समन्वयक नरेन्द्र सलूजा के साथ प्रवक्ता पंकज चतुर्वेदी, अजयसिंह यादव, विक्की खोंगल, शहरयार खान सहित अन्य कांग्रेसजन उपस्थित थे।